PM नरेंद्र मोदी का दो दिवसीय इजराइल दौरा: रक्षा सहयोग, और पश्चिम एशिया तनाव पर होगी अहम चर्चा

News Saga Desk

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार, 25 फरवरी यानी आज से दो दिवसीय इजराइल दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह पश्चिम एशिया में जारी तनाव और अमेरिका-ईरान के बीच बिगड़ते संबंधों सहित क्षेत्रीय सुरक्षा स्थिति पर चर्चा कर सकते हैं। साथ ही भारत और इजराइल के बीच द्विपक्षीय रक्षा और व्यापार सहयोग को और मजबूत बनाने पर भी बातचीत की संभावना है।

दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी इजराइल की संसद को संबोधित करेंगे। वह इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ विभिन्न मुद्दों पर व्यापक वार्ता करेंगे और राष्ट्रपति इसहाक हर्जोग से भी मुलाकात करेंगे। गुरुवार को होने वाली प्रतिनिधिमंडल स्तर की बैठक में रक्षा और सुरक्षा सहयोग को और मजबूत करना प्रमुख एजेंडा रहेगा। वहीं, बुधवार रात नेतन्याहू प्रधानमंत्री मोदी के सम्मान में निजी रात्रिभोज का आयोजन करेंगे।

तीसरे कार्यकाल में पहली इजराइल यात्रा

प्रधानमंत्री मोदी के तीसरे कार्यकाल में यह उनकी पहली इजराइल यात्रा है, जबकि पिछले नौ वर्षों में यह उनका दूसरा दौरा होगा। इससे पहले जुलाई 2017 में उन्होंने पहली बार इजराइल का दौरा किया था। इसके बाद जनवरी 2018 में इजराइली प्रधानमंत्री नेतन्याहू भारत आए थे, जिससे द्विपक्षीय संबंधों को नई मजबूती मिली।

वर्तमान में भारत और इजराइल के बीच विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, नवाचार, रक्षा एवं सुरक्षा, व्यापार एवं निवेश, कृषि, जल प्रबंधन और जन-से-जन संपर्क जैसे कई क्षेत्रों में व्यापक सहयोग जारी है। यह साझेदारी दोनों देशों के रणनीतिक संबंधों का महत्वपूर्ण आधार बन चुकी है।

क्षेत्रीय हालात और गाजा मुद्दे पर भी चर्चा संभव

प्रधानमंत्री मोदी अपने दौरे के दौरान गाजा सहित पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति पर भी इजराइल के नेतृत्व के साथ विचार-विमर्श कर सकते हैं। पिछले वर्ष जून में इजराइल-ईरान तनाव शुरू होने के बाद प्रधानमंत्री मोदी और नेतन्याहू के बीच दो बार टेलीफोन पर बातचीत हो चुकी है। नौ अक्टूबर को हुई बातचीत में प्रधानमंत्री मोदी ने गाजा शांति प्रयासों में हुई प्रगति को लेकर चर्चा की थी।

मजबूत हुए हैं रणनीतिक और रक्षा संबंध

बीते वर्षों में भारत और इजराइल के संबंधों में उल्लेखनीय मजबूती आई है। रक्षा, वैज्ञानिक अनुसंधान, साइबर सुरक्षा और नवाचार जैसे क्षेत्रों में सहयोग तेजी से बढ़ा है। विशेष रूप से रक्षा साझेदारी दोनों देशों के रणनीतिक संबंधों का प्रमुख स्तंभ बन गई है। इजराइल भारत को कई आधुनिक सैन्य प्लेटफॉर्म और हथियार प्रणालियां उपलब्ध करा रहा है।

नवंबर 2025 में भारत के रक्षा सचिव की इजराइल यात्रा के दौरान रक्षा सहयोग से जुड़े एक महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे, जिससे इस साझेदारी को और बल मिला।

सुरक्षा और तकनीकी सहयोग को मिल रही नई गति

सुरक्षा के क्षेत्र में भी दोनों देशों के बीच सहयोग लगातार विस्तार पा रहा है। भारत अपनी स्वदेशी वायु रक्षा प्रणाली ‘सुदर्शन चक्र’ के विकास पर काम कर रहा है, जिसमें इजराइल की आयरन डोम प्रणाली के कुछ तकनीकी तत्वों को शामिल करने की संभावनाओं पर भी विचार किया जा रहा है।

इसके अलावा, दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश संबंध भी लगातार मजबूत हो रहे हैं, जिससे आर्थिक साझेदारी को नई गति मिल रही है।

Read More News

Read More