रूपी सोरेन का निधन

रूपी सोरेन का निधन: हेमंत सोरेन की मां ने ली अंतिम सांस

News Saga Desk

रूपी सोरेन का निधन बुधवार रात रांची के अस्पताल में हुआ। हेमंत सोरेन की मां लंबे समय से अस्वस्थ थीं। निधन से सोरेन परिवार और झामुमो में शोक है।

रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मां और दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन की पत्नी रूपी सोरेन का निधन बुधवार रात करीब आठ बजे हो गया। वह लंबे समय से अस्वस्थ थीं और रांची के बरियातू स्थित हिल व्यू अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। स्वास्थ्य में लगातार गिरावट के बाद उन्हें चिकित्सकों की विशेष निगरानी में रखा गया था। बुधवार को स्थिति अधिक गंभीर होने के बाद डॉक्टरों की टीम दिनभर उनके इलाज में जुटी रही, लेकिन रात में उनका निधन हो गया। इस खबर के सामने आते ही सोरेन परिवार के साथ झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों में शोक की लहर दौड़ गई।

सांस लेने में परेशानी के बाद अस्पताल में हुई थीं भर्ती

रूपी सोरेन पिछले कुछ समय से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना कर रही थीं। सांस लेने में परेशानी होने के बाद 18 सितंबर को उन्हें रांची के हिल व्यू अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इसके बाद से डॉक्टर लगातार उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रहे थे।

अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान उनकी स्थिति को देखते हुए विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह पर उपचार किया जा रहा था। बुधवार को अचानक उनकी तबीयत ज्यादा बिगड़ गई। हार्ट रेट अनियंत्रित होने और स्वास्थ्य में लगातार गिरावट के बाद डॉक्टरों की चिंता बढ़ गई।

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम जुटी रही। रूपी सोरेन का निधन होने से पहले डॉक्टरों ने उनकी स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हर संभव चिकित्सकीय प्रयास किया।

डॉक्टरों ने की आपात बैठक, पेसमेकर लगाने का लिया था फैसला

बुधवार को रूपी सोरेन की तबीयत बिगड़ने के बाद चिकित्सकों ने आपात बैठक की और आगे के उपचार को लेकर चर्चा की। न्यूरो मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. उज्ज्वल राय समेत अन्य डॉक्टरों को अस्पताल बुलाया गया। कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. दीपक गुप्ता भी शाम करीब छह बजे अस्पताल पहुंचे।

जानकारी के अनुसार, हार्ट रेट को नियंत्रित करने के लिए डॉक्टरों ने टेंपरेरी पेसमेकर लगाने का निर्णय लिया था। विशेषज्ञों की टीम लगातार उनकी स्थिति पर नजर रख रही थी। तमाम चिकित्सकीय प्रयासों के बावजूद उनकी हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ और बुधवार रात करीब आठ बजे उनका निधन हो गया।

अस्पताल पहुंचे हेमंत सोरेन, कल्पना सोरेन भी रहीं मौजूद

मां की हालत गंभीर होने की सूचना मिलने के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन बुधवार को हिल व्यू अस्पताल पहुंचे। उन्होंने डॉक्टरों से अपनी मां के स्वास्थ्य और चल रहे उपचार के संबंध में जानकारी ली। कल्पना सोरेन भी सुबह से अस्पताल में मौजूद थीं।

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी, मंत्री योगेंद्र प्रसाद और कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक रामेश्वर उरांव समेत कई राजनीतिक नेता भी अस्पताल पहुंचे और रूपी सोरेन के स्वास्थ्य की जानकारी ली।

दिन में मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने चिकित्सकों से बातचीत के बाद बताया था कि उनकी स्थिति उस समय स्थिर थी और डॉक्टर लगातार निगरानी कर रहे थे। हालांकि, बाद में स्वास्थ्य में गिरावट दर्ज की गई। रात में रूपी सोरेन का निधन होने की सूचना सामने आने के बाद अस्पताल और सोरेन परिवार के बीच शोक का माहौल बन गया।

रूपी सोरेन का निधन

मां की तबीयत के कारण मुख्यमंत्री ने रद्द किए थे कार्यक्रम

रूपी सोरेन की गंभीर तबीयत का असर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के बुधवार के सरकारी कार्यक्रमों पर भी पड़ा। मुख्यमंत्री ने अपने कई पूर्व निर्धारित कार्यक्रम रद्द कर दिए थे। शाम को प्रस्तावित झारखंड कैबिनेट की बैठक भी स्थगित कर दी गई थी।

मुख्यमंत्री अपनी मां के स्वास्थ्य को लेकर लगातार चिकित्सकों के संपर्क में थे। परिवार के अन्य सदस्य भी अस्पताल में मौजूद रहे। देर शाम तक डॉक्टरों की टीम उपचार में जुटी रही। इसके बाद रात करीब आठ बजे उनके निधन की खबर सामने आई।

शिबू सोरेन की पत्नी और हेमंत सोरेन की मां थीं रूपी सोरेन

रूपी सोरेन झारखंड के प्रमुख राजनीतिक परिवार की वरिष्ठ सदस्य थीं। वह झारखंड आंदोलन के प्रमुख नेताओं में शामिल रहे और दिशोम गुरु के नाम से प्रसिद्ध स्वर्गीय शिबू सोरेन की पत्नी थीं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन उनके पुत्र हैं।

सोरेन परिवार का झारखंड की सामाजिक और राजनीतिक यात्रा से लंबा जुड़ाव रहा है। ऐसे में रूपी सोरेन का निधन केवल परिवार के लिए ही नहीं, बल्कि झामुमो के नेताओं और कार्यकर्ताओं के लिए भी दुखद खबर बनकर सामने आया है।

झामुमो परिवार और समर्थकों में शोक की लहर

रूपी सोरेन के निधन की खबर मिलते ही झारखंड मुक्ति मोर्चा से जुड़े नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों के बीच शोक की लहर फैल गई। अस्पताल और सोरेन परिवार से जुड़े लोगों के बीच भी देर रात तक गम का माहौल रहा।

राज्य के विभिन्न हिस्सों से राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों की ओर से शोक संवेदनाएं सामने आने की संभावना है। रूपी सोरेन का निधन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और उनके परिवार के लिए ऐसे समय में गहरा व्यक्तिगत आघात है, जब परिवार पहले ही दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन का दुख झेल चुका है।

आधिकारिक जानकारी और आगे के कार्यक्रम पर नजर

रूपी सोरेन के स्वास्थ्य को लेकर दिनभर अस्पताल में मौजूद डॉक्टरों और नेताओं की ओर से जानकारी दी जाती रही। मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने दिन में डॉक्टरों से बातचीत के बाद उनकी स्थिति को स्थिर बताया था। इसके बाद स्वास्थ्य में आई गिरावट के बीच विशेषज्ञ चिकित्सकों को बुलाया गया था।

अब परिवार की ओर से अंतिम संस्कार और अन्य कार्यक्रमों को लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। आम लोगों और समर्थकों के लिए अंतिम दर्शन या अन्य व्यवस्थाओं के संबंध में जो भी आधिकारिक सूचना जारी होगी, उसी के अनुसार आगे की व्यवस्था स्पष्ट होगी।

रूपी सोरेन का निधन झारखंड के राजनीतिक और सामाजिक जगत के लिए एक दुखद खबर है। उनके निधन के बाद सोरेन परिवार और झामुमो परिवार शोक में है।

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