झारखंड की आफरीन रूकसार बनीं डी.फार्म की स्टेट टॉपर, लेखन में भी दर्ज की कई उपलब्धियाँ

News Saga Desk

सिमडेगा। झारखंड राज्य के फार्मेसी विद्यार्थियों के लिए 19 मई का दिन खास रहा, जब 2022-25 सत्र के डिप्लोमा इन फार्मेसी (D. Pharm) का फाइनल रिजल्ट जारी किया गया। इसी के साथ 2021-23 सत्र के विद्यार्थियों के लिए मार्कशीट भी हाल ही में जारी की गई। इस परीक्षा में सिमडेगा जिले के ठेठईटाँगर गाँव की रहने वाली आफरीन रूकसार ने राज्यभर में टॉप कर एक मिसाल कायम की है। आफरीन ने धन्वंतरि कॉलेज ऑफ फार्मेसी, ओरमांझी, राँची से डी. फार्म की पढ़ाई पूरी की है और परीक्षा में कुल 1100 अंकों में से 811 अंक प्राप्त कर झारखंड स्टेट टॉपर बनने का गौरव हासिल किया है। इस उपलब्धि ने न सिर्फ सिमडेगा जिले को गौरवान्वित किया है, बल्कि झारखंड के शिक्षा जगत में भी एक नया कीर्तिमान जोड़ा है।

शिक्षा और साहित्य दोनों में अव्वल

आफरीन की शिक्षा यात्रा ठेठईटाँगर के सरस्वती शिशु विद्या मंदिर से शुरू हुई। बाद में उन्होंने उर्सुलाईन कॉन्वेंट बालिका उच्च विद्यालय, जामपानी से मैट्रिक की परीक्षा दी, जिसमें वह अपने स्कूल की दूसरी टॉपर बनीं और प्रतिभा सम्मान से नवाजी गईं। इंटरमीडिएट की पढ़ाई उन्होंने सेंट मेरीज इंटर कॉलेज, सामटोली से विज्ञान संकाय में पूरी की, जबकि स्नातक की डिग्री संत जेवियर्स कॉलेज, सिमडेगा से अंग्रेज़ी साहित्य में प्राप्त की। पढ़ाई के साथ-साथ आफरीन लेखन के क्षेत्र में भी सक्रिय हैं। अब तक वह 5 व्यक्तिगत पुस्तकें और 500 से अधिक एंथोलॉजी (साझा संकलन) किताबें प्रकाशित करवा चुकी हैं। उन्हें दिल्ली की एक संस्था द्वारा इंडियन नोबेल अवार्ड, और रांची यूनिवर्सिटी की कुलपति डॉ. कामिनी कुमार द्वारा “बेस्ट राइटर अवार्ड” से भी सम्मानित किया जा चुका है।

2024 में उन्हें स्वतंत्रता दिवस समारोह के अवसर पर ठेठईटाँगर में सम्मानित किया गया, जबकि 2025 में आफरीन ने अपनी एक पुस्तक झारखंड के अल्पसंख्यक कल्याण एवं जल संसाधन मंत्री हफिजुल हसन को भेंट की। वे गोल्डन लेटर्स पब्लिकेशन की सीईओ और संस्थापक भी हैं, और चाहती हैं कि झारखंड सरकार इस नवोदित पब्लिकेशन हाउस को समर्थन दे। आफरीन के पिता मो. अब्दुल कयूम व्यवसायी हैं, जबकि माँ अंजुम आरा गृहिणी हैं। आफरीन की यह बहुआयामी उपलब्धि न केवल उनके परिवार के लिए गर्व का विषय है, बल्कि राज्य के अन्य युवाओं के लिए भी प्रेरणा का स्रोत है। आफरीन रूकसार की सफलता यह साबित करती है कि सीमित संसाधनों में भी अगर संकल्प और मेहनत हो, तो किसी भी क्षेत्र में ऊँचाइयाँ हासिल की जा सकती हैं।


Read More News

झारखंड BJP में बड़ा संगठनात्मक बदलाव, पवन साय को मिली कमान, कर्मवीर सिंह को छत्तीसगढ़ की जिम्मेदारी

भाजपा ने पवन साय को झारखंड का नया संगठन महामंत्री बनाया है। कर्मवीर सिंह को छत्तीसगढ़ की जिम्मेदारी...

Read More