News Saga Desk
देवघर। आज श्रावणी मेले का चौथा दिन है और साथ ही सावन की पहली सोमवारी। इस पावन अवसर पर देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम में श्रद्धालुओं का अपार जनसैलाब उमड़ पड़ा है। अहले सुबह से ही श्रद्धालु बाबा भोलेनाथ के ज्योतिर्लिंग पर जलाभिषेक करते नजर आए। कई श्रद्धालु तो रात से ही मंदिर प्रांगण में डेरा डाले हुए थे, ताकि सुबह होते ही बाबा का दर्शन और जलार्पण कर सकें। पूरा मंदिर परिसर ‘बोल बम’ के जयकारों से गूंज रहा है। मंदिर में प्रवेश करते ही श्रद्धालुओं के चेहरे पर आस्था और भक्ति की गहराई साफ झलक रही है। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जलाभिषेक की सभी व्यवस्थाएं पूर्व से ही सुनिश्चित कर ली गई थीं।
श्रद्धालु रूट लाइन के जरिए सुव्यवस्थित तरीके से मंदिर परिसर में प्रवेश कर रहे हैं। सावन की पहली सोमवारी को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। खुद दुमका के उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा समेत तमाम अधिकारी सुबह-सुबह ही मंदिर पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा ले चुके हैं। बाबा धाम के वरिष्ठ पंडा लम्बोदर परिहस्त ने बताया कि आज का दिन अत्यंत शुभ है क्योंकि चतुर्थी तिथि और सोमवारी का विशेष संयोग बन रहा है। इस दिन शिव जी कैलाश पर विराजमान होते हैं और पूजा-पाठ से हर प्रकार की सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है। इस वर्ष श्रावण मास में चार सोमवारी का योग बना है। श्रद्धालुओं के अनुसार, इस बार मेले में पहले से कहीं अधिक भीड़ देखने को मिल रही है। सुबह चार बजे जैसे ही बाबा का पट खुला, हजारों श्रद्धालु जलाभिषेक के लिए उमड़ पड़े।
कई श्रद्धालुओं को जलाभिषेक करने में 8 से 12 घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है। कुछ कांवरियों ने बताया कि उन्हें जल चढ़ाने में 15 घंटे से भी अधिक समय लगा। प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं को उचित मार्गदर्शन, चिकित्सा सुविधा, सुरक्षा व्यवस्था और जलपान जैसी मूलभूत सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। कांवरिया पथ पर लाइनें सुचारू रूप से चलती रहें, इसके लिए विशेष निगरानी रखी जा रही है। मंदिर परिसर और प्रमुख चौकों पर क्यूआरटी (त्वरित प्रतिक्रिया टीम) की तैनाती की गई है।
No Comment! Be the first one.