पारंपरिक हर्षोल्लास के साथ विसर्जित की गई करम की डालियां

NewsSaga Desk

खूंटी | सरना धर्म सोतो समिति केंद्र डौगड़ा में करम पर्व बुधवार की रात हर्षाेल्लास के साथ मनाया गया। गुरुवार को सभी करम डालियों को जलाशायों में विधि-विधान से विसर्जित कर दिया गया।

धर्मगुरु बगरय ओड़ेया और भैयाराम ओड़ेया की अगुवाई में भगवान सिङबोंगा की पूजा-अर्चना की गई और समाज में सुख, शांति और खुशहाली की कामना की गई।

इससे पूर्व अखड़ा में नौ प्रकार के बीजों से तैयार जावा और करम डाली स्थापित की गई। जावा फूल को सौहार्द और खुशहाली का प्रतीक मनाते हुए पुरुषों ने इसे कान में और महिलाओं ने बालों में लगाकर एक-दूसरे को करम पर्वव की शुभकमानाएं दी। इसके बाद पूरी रात अखड़ा में गीत-संगीत और नृत्य का कार्यक्रम चलता रहा।

इस अवसर पर धर्मगुरु सोमा कंडीर ने करम कथा के माध्यम से लोगों को संदेश दिया कि करम केवल त्योहार नहीं, बल्कि जीवन को समृद्ध बनाने का अवसर है। यह आत्मचिंतन और अपनी गलतियों को सुधारने का दिन है। करम पर्व समाज में प्रेम, भाईचारा और सौहार्द का संदेश देता है और ऊंच-नीच, लोभ, लालच और अहंकार जैसी बुराइयों को दूर करता है।

कार्यक्रम में बिरसा कंडीर, मंगा ओड़ेया, सुखराम पुर्ती, सुगना पहान, टुटी ओड़ेया, नरनसिंह तोपनो, मधियाना धान, जीतनाथ पहान, बुधराम मुंडा सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।

जोजोटोली में भी मना करम महोत्सव

खूंटी के जोजो टोली अखड़ा में सार्वजनिक करम पूजा महोत्सव आयोजित किया गया।

इस अवसर पर सुगुन दास मुंडा, सुभासिनी पूर्ति, मथुरा कंडीर, मदन मोहन मिश्रा, योगेस वर्मा, विश्राम टुटी, गोमा तोपनो, आनंद तिड़ू, फागु मुंडा, वीणा तिर्की, तुलसी तोपनो सहित गणमान्य लोग उपस्थित हुए।

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