कोडरमा में वाहन की चपेट में आने से बच्चे की मौत

NEWS SAGA DESK

कोडरमा के मरकच्चो में वाहन की चपेट में आने से डेढ़ वर्षीय बच्चे की मौत हो गई। हादसे के बाद गांव में मातम, पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

कोडरमा जिले के मरकच्चो थाना क्षेत्र के केतरुसिंघा गांव में बुधवार को हुए दर्दनाक सड़क हादसे में डेढ़ वर्षीय मासूम की मौत हो गई। मृतक की पहचान गांव निवासी रंजीत यादव के डेढ़ वर्षीय पुत्र ऋषभ यादव के रूप में हुई है। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है और परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है।

 ऋषभ यादव

स्थानीय लोगों के अनुसार, ऋषभ अपने घर के समीप खेल रहा था। इसी दौरान गांव के ही भाजपा युवा नेता अर्जुन यादव अपने चार पहिया वाहन नेक्सॉन (जेएच 04 एक्स 4244) को घर से बाहर निकाल रहे थे। बताया गया कि वाहन को पीछे करने के दौरान बच्चा उसकी चपेट में आ गया।

वाहन के पीछे करने के दौरान हुआ हादसा

जानकारी के मुताबिक, अर्जुन यादव वाहन को पीछे कर रहे थे। इसी दौरान ऋषभ वाहन के पीछे आ गया और चालक की नजर उस पर नहीं पड़ी। देखते ही देखते बच्चा वाहन की चपेट में आ गया और उसके सिर पर वाहन चढ़ गया।

हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। परिजनों और आसपास मौजूद लोगों ने बच्चे को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल ले जाने की कोशिश की। बताया गया कि वाहन चला रहे अर्जुन यादव ही घायल ऋषभ को लेकर कोडरमा सदर अस्पताल पहुंचे।

अस्पताल में चिकित्सकों ने बच्चे की जांच की, लेकिन उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बचाया नहीं जा सका। डॉक्टरों ने जांच के बाद ऋषभ को मृत घोषित कर दिया।

इसे भी देखें:-Jharkhand badget 2026–27: समग्र विकास पर फोकस, कृषि से लेकर उद्योग तक बड़े प्रावधान

कोडरमा में बच्चे की मौत की खबर मिलते ही केतरुसिंघा गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीण भी घटना से बेहद दुखी हैं।

ऋषभ की उम्र महज डेढ़ वर्ष थी। घर के आसपास खेलते हुए अचानक हुए इस हादसे ने परिवार को गहरा सदमा दिया है। घटना के बाद ग्रामीण बड़ी संख्या में मौके पर जुट गए और मामले को लेकर नाराजगी भी जताई।

पुलिस मौके पर पहुंची, शव कब्जे में लेने का विरोध

घटना की सूचना मिलने के बाद मरकच्चो थाना की पुलिस टीम मौके पर पहुंची। एसआई गोविंद सिंह और एएसआई प्रमोद कुमार पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी जुटाने का प्रयास किया।

हालांकि, ग्रामीणों ने बच्चे के शव को पुलिस के कब्जे में लेने से रोक दिया। इस वजह से खबर लिखे जाने तक शव को पोस्टमार्टम के लिए नहीं भेजा जा सका था।

पुलिस मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जानकारी जुटा रही है। पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी प्रक्रिया को लेकर भी पुलिस की ओर से आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।

मृतक की नानी ने लगाया यह आरोप

घटना के बाद मृतक की नानी ने आरोप लगाया कि हादसे के समय उन्होंने वाहन चालक अर्जुन यादव को आवाज देकर रोकने की कोशिश की थी। उनका कहना है कि वाहन का शीशा लॉक होने के कारण उनकी आवाज चालक तक नहीं पहुंच सकी।

नानी के अनुसार, जब तक वाहन को रोका जाता, तब तक ऋषभ उसकी चपेट में आ चुका था। हालांकि, यह आरोप शिकायतकर्ता के पक्ष पर आधारित है। पुलिस की जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही घटना की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी।

Read More News

Read More