सोना खरीदने से पहले जरूर देखें ये 3 निशान, नए नियमों के बाद बदले हॉलमार्किंग के मानक

News Saga Desk

भारत में सोना खरीदना केवल निवेश का माध्यम नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और परंपराओं का भी अहम हिस्सा है। शादी-विवाह, त्योहारों और अन्य शुभ अवसरों पर सोने के आभूषण खरीदने की परंपरा लंबे समय से चली आ रही है। ग्राहकों को शुद्ध और प्रमाणित सोना मिले, इसके लिए सरकार ने हॉलमार्किंग नियमों को और सख्त कर दिया है।

अप्रैल 2023 से लागू नए नियमों के अनुसार, अब सोने के गहनों पर तीन विशेष निशानों का होना अनिवार्य है। इन निशानों के बिना किसी भी सोने के आभूषण की खरीदारी नहीं करनी चाहिए।

कौन से 3 निशान देखना जरूरी है?

  1. BIS लोगो

यह ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स (BIS) का आधिकारिक त्रिकोणीय लोगो होता है। यह प्रमाणित करता है कि सोने की जांच सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त लैब में की गई है और गहना हॉलमार्किंग मानकों पर खरा उतरता है।

  1. प्यूरिटी और फाइननेस मार्क

यह निशान सोने की शुद्धता को दर्शाता है। उदाहरण के लिए, 22 कैरेट सोने पर 22K916 और 18 कैरेट सोने पर 18K750 अंकित होता है। इसी शुद्धता के आधार पर सोने के आभूषण की कीमत निर्धारित की जाती है।

  1. HUID कोड

HUID यानी हॉलमार्क यूनिक आइडेंटिफिकेशन नंबर। यह 6 अंकों का एक यूनिक अल्फान्यूमेरिक कोड होता है, जो प्रत्येक गहने को अलग पहचान देता है। इससे गहनों की ट्रैकिंग और सत्यापन आसान हो जाता है।

पुराने और नए नियमों में क्या अंतर है?

HUID प्रणाली लागू होने से पहले सोने के गहनों पर चार अलग-अलग निशान होते थे, जिनमें BIS लोगो, शुद्धता का ग्रेड, ज्वेलर का लोगो और हॉलमार्किंग सेंटर का लोगो शामिल था।

लेकिन 31 मार्च 2023 के बाद बिना 6 अंकों वाले HUID कोड के सोने के गहनों की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। अब केवल BIS लोगो, शुद्धता का निशान और HUID कोड ही मान्य हैं।

धोखाधड़ी से सुरक्षा

नए नियमों के कारण ग्राहकों को कम शुद्धता वाला सोना ऊंची कीमत पर बेचने की संभावना काफी कम हो गई है। इससे खरीदार को उसकी कीमत के अनुरूप शुद्ध सोना मिलने की गारंटी बढ़ती है।

बेहतर रीसेल वैल्यू

हॉलमार्क और HUID वाले सोने की भविष्य में बिक्री करने पर उसकी सही बाजार कीमत मिलने की संभावना अधिक रहती है। इससे रीसेल के समय अनावश्यक कटौती से बचाव होता है।

घर बैठे कर सकते हैं जांच

ग्राहक अपने स्मार्टफोन में BIS CARE App डाउनलोड कर HUID कोड को दर्ज या स्कैन कर सकते हैं। इससे कुछ ही सेकंड में गहने की पूरी जानकारी और उसकी प्रामाणिकता की जांच की जा सकती है।

खरीदारी से पहले रहें सतर्क

विशेषज्ञों का कहना है कि सोना खरीदते समय हमेशा हॉलमार्किंग के इन तीनों निशानों की जांच करनी चाहिए। बिना BIS लोगो, शुद्धता के निशान और HUID कोड वाले गहनों की खरीदारी से बचना ही समझदारी है। जागरूक ग्राहक बनकर ही अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखा जा सकता है।

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