Amarnath Yatra 2026 की शुरुआत प्रथम पूजा के साथ हुई। 3 जुलाई से 57 दिवसीय यात्रा शुरू होगी। 2029 तक अमरनाथ गुफा तक केबल कार सेवा शुरू करने की तैयारी।
जम्मू: Amarnath Yatra 2026 का शुभारंभ पवित्र अमरनाथ गुफा में ‘प्रथम पूजा’ के साथ हो गया। जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने सोमवार को बाबा बर्फानी की विधिवत पूजा-अर्चना कर 57 दिवसीय वार्षिक यात्रा की औपचारिक शुरुआत की। Amarnath Yatra 2026 तीन जुलाई से पहलगाम और बालटाल दोनों मार्गों से शुरू होगी और 28 अगस्त यानी रक्षाबंधन तक चलेगी।

प्रथम पूजा के साथ हुई यात्रा की शुरुआत
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने बाबा अमरनाथ के दर्शन कर देश में शांति, समृद्धि और सभी श्रद्धालुओं की सुरक्षित यात्रा की कामना की। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने यात्रा को सुरक्षित, सुचारु और सुविधाजनक बनाने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं।
प्रशासन के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था, स्वास्थ्य सेवाएं, आपदा प्रबंधन, आवास और यातायात समेत सभी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दे दिया गया है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
2029 तक शुरू होगी केबल कार सेवा
Amarnath Yatra 2026 के बीच केंद्र सरकार ने श्रद्धालुओं के लिए बड़ी सुविधा की दिशा में कदम बढ़ाया है। अमरनाथ गुफा तक पहुंच आसान बनाने के लिए केबल कार परियोजना पर तेजी से काम किया जा रहा है।
करीब 11.6 किलोमीटर लंबी यह केबल कार बालटाल से पवित्र गुफा तक बनाई जाएगी। सरकार का लक्ष्य वर्ष 2029 तक इस परियोजना को पूरा कर संचालन शुरू करना है।
सिर्फ 30 मिनट में पहुंच सकेंगे गुफा
वर्तमान में श्रद्धालुओं को बालटाल से गुफा तक पहुंचने के लिए कई घंटे पैदल यात्रा करनी पड़ती है या फिर पालकी और टट्टू का सहारा लेना पड़ता है। केबल कार शुरू होने के बाद यही दूरी लगभग 30 मिनट में पूरी की जा सकेगी।
इस परियोजना से विशेष रूप से बुजुर्ग, दिव्यांग और शारीरिक रूप से कमजोर श्रद्धालुओं को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
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श्रद्धालुओं को मिलेगा बड़ा लाभ
लगभग 13 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित अमरनाथ गुफा तक पहुंचना हर वर्ष लाखों श्रद्धालुओं के लिए चुनौतीपूर्ण होता है। केबल कार सेवा शुरू होने के बाद यात्रा अधिक सुरक्षित, तेज और सुविधाजनक बनने की संभावना है। इससे यात्रा के दौरान समय की बचत होगी और कठिन चढ़ाई से भी राहत मिलेगी।
केंद्र सरकार का मानना है कि इस परियोजना से धार्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा और क्षेत्र के आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।
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