राहुल गांधी ने विपक्षी सांसदों के साथ लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात कर NEET-UG पेपर लीक, परीक्षा विवाद और छात्रों पर पुलिस कार्रवाई पर संसद में चर्चा की मांग की।
News Saga Desk
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को विपक्षी सांसदों के साथ लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात कर NEET पेपर लीक पर चर्चा कराने की मांग उठाई। विपक्ष ने संसद में NEET-UG प्रश्नपत्र लीक, परीक्षा प्रणाली से जुड़े विवाद और छात्रों पर हुई कथित पुलिस कार्रवाई पर विस्तृत बहस कराने की मांग की। राहुल गांधी ने कहा कि यह मुद्दा करोड़ों छात्रों और युवाओं के भविष्य से जुड़ा है, इसलिए सरकार को संसद में जवाब देना चाहिए।
राहुल गांधी के साथ कांग्रेस महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल, समाजवादी पार्टी के धर्मेंद्र यादव, शिवसेना (यूबीटी) के अरविंद सावंत, आरएसपी के एनके प्रेमचंद्रन सहित कई विपक्षी सांसद लोकसभा अध्यक्ष से मिले। प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि नेता प्रतिपक्ष और अन्य विपक्षी दलों को NEET पेपर लीक पर चर्चा के लिए पर्याप्त समय दिया जाए।
विपक्ष ने शिक्षा मंत्री से जवाब मांगने की मांग की
मुलाकात के दौरान विपक्षी सांसदों ने कहा कि NEET और CBSE परीक्षा विवाद से देशभर के छात्रों में असंतोष बढ़ा है। उनका कहना था कि संसद में इस पूरे मामले पर खुली चर्चा होनी चाहिए और केंद्रीय शिक्षा मंत्री को सदन में उपस्थित होकर सरकार का पक्ष रखना चाहिए।
विपक्ष ने यह भी मांग की कि दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई और उससे जुड़े आरोपों पर सरकार स्पष्टीकरण दे। सांसदों का कहना था कि शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रखने वाले छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जाना चाहिए।
राहुल गांधी का सोशल मीडिया पर हमला
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि विपक्षी सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष से मुलाकात कर छात्रों पर हुई कथित बर्बरता और परीक्षा संकट पर संसद में विस्तृत चर्चा की मांग की है।
उन्होंने कहा कि छात्र अपने भविष्य से जुड़े वैध सवाल पूछ रहे थे, लेकिन उन्हें पीटा गया। राहुल गांधी ने सवाल उठाया कि यदि संसद देश के युवाओं के भविष्य पर चर्चा नहीं कर सकती, तो उसका उद्देश्य क्या है। उन्होंने कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को दबने नहीं देगा और छात्रों की आवाज संसद के भीतर और बाहर दोनों जगह उठाता रहेगा।
पत्रकारों से बातचीत में सरकार पर निशाना
लोकसभा अध्यक्ष से मुलाकात के बाद राहुल गांधी ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि उन्होंने छात्रों के मुद्दे पर चर्चा कराने का आग्रह किया, लेकिन उन्हें बताया गया कि इसके लिए सरकार से बात करनी होगी।

उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के साथ गलत व्यवहार हुआ, लेकिन प्रधानमंत्री ने अब तक इस पर कोई माफी नहीं मांगी। राहुल गांधी ने कहा कि देश की शिक्षा और परीक्षा व्यवस्था गंभीर संकट में है और युवा इसी के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं। उन्होंने सरकार से पूरे मामले पर जवाब देने की मांग की।
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केसी वेणुगोपाल ने भी उठाए सवाल
कांग्रेस महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल ने भी एक्स पर पोस्ट कर कहा कि विपक्षी दलों ने लोकसभा अध्यक्ष से आग्रह किया है कि NEET पेपर लीक पर चर्चा, CBSE परीक्षा विवाद और दिल्ली पुलिस की कार्रवाई जैसे मुद्दों पर पर्याप्त समय दिया जाए।
उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री को सदन में उपस्थित होकर छात्रों और अभिभावकों की चिंताओं का जवाब देना चाहिए। उनके अनुसार यह केवल परीक्षा का मामला नहीं, बल्कि युवाओं के भविष्य और शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता का प्रश्न है।
हाल के महीनों में NEET-UG परीक्षा को लेकर प्रश्नपत्र लीक और परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोपों ने राष्ट्रीय स्तर पर बहस छेड़ दी है। कई छात्र संगठनों और विपक्षी दलों ने परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। इसी मुद्दे को लेकर देश के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शन भी हुए हैं।
इस विवाद का असर लाखों छात्रों और उनके परिवारों पर पड़ा है। परीक्षा प्रक्रिया पर उठे सवालों से छात्रों में असमंजस और चिंता का माहौल बना है। संसद में इस मुद्दे पर चर्चा होने की स्थिति में सरकार पर जवाबदेही बढ़ सकती है और परीक्षा सुधारों को लेकर नई पहल सामने आ सकती है।
राहुल गांधी और विपक्षी सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष से संसद में NEET पेपर लीक पर चर्चा कराने, शिक्षा मंत्री से जवाब लेने और छात्रों पर पुलिस कार्रवाई पर बहस कराने की मांग की है। लोकसभा अध्यक्ष कार्यालय की ओर से इस मुलाकात पर विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
छात्रों और अभिभावकों को सलाह दी गई है कि वे NEET और अन्य परीक्षाओं से संबंधित जानकारी केवल राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA), CBSE और शिक्षा मंत्रालय के आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त करें। किसी भी अफवाह या अपुष्ट जानकारी पर भरोसा न करें।
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