शैलेंद्र महतो ने जयराम महतो पर दर्ज केस और पुलिस एसोसिएशन के आंदोलन को लोकतंत्र के लिए खतरा बताया। उन्होंने सीएम और स्पीकर से हस्तक्षेप की मांग की।
जयराम महतो पर केस को लेकर झारखंड की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है। झारखंड आंदोलनकारी और पूर्व सांसद शैलेंद्र महतो ने डुमरी विधायक के खिलाफ दर्ज मामले और पुलिस एसोसिएशन की ओर से आंदोलन की घोषणा को लोकतंत्र तथा विधायिका के लिए गंभीर खतरा बताया है। गुरुवार को जमशेदपुर के सोनारी स्थित अपने आवासीय कार्यालय में पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने पुलिस एसोसिएशन के रवैये पर सवाल उठाए।

शैलेंद्र महतो ने आरोप लगाया कि पुलिस एसोसिएशन का मौजूदा रुख जनप्रतिनिधियों पर दबाव बनाने और राज्य में पुलिसिया राज की स्थिति पैदा करने की दिशा में बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि मामला किसी एक विधायक तक सीमित नहीं है, बल्कि यह विधानसभा और जनप्रतिनिधियों के अधिकारों से जुड़ा मुद्दा है।
झारखंड आंदोलन के दौर से जोड़ा पुलिस का रवैया
शैलेंद्र महतो ने झारखंड पुलिस एसोसिएशन की कार्यशैली पर आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस का रवैया जनहित के बजाय सच्चाई को दबाने की दिशा में नहीं होना चाहिए। उन्होंने झारखंड आंदोलन के दौर का संदर्भ देते हुए कहा कि उस समय भी आंदोलनकारियों के प्रति पुलिस का रवैया दमनकारी रहा था।
उन्होंने कहा कि आम जनता पुलिस की भाषा और व्यवहार से परिचित है। उनके मुताबिक, झारखंड आंदोलन के शहीदों और आंदोलनकारियों ने ऐसे राज्य की कल्पना नहीं की थी, जहां खाकी वर्दी जनप्रतिनिधियों पर दबाव बनाने की स्थिति में आ जाए। यह बयान ऐसे समय आया है जब जयराम महतो पर केस को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर बहस जारी है।
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सीएम और विधानसभा अध्यक्ष से हस्तक्षेप की मांग
पूर्व सांसद ने मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष की चुप्पी को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि इतने संवेदनशील मामले में राज्य के शीर्ष संवैधानिक पदों को स्थिति पर ध्यान देना चाहिए।
शैलेंद्र महतो ने मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष से हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों के बीच मध्यस्थता कराने की मांग की। उनका कहना था कि विधानसभा की गरिमा और निर्वाचित प्रतिनिधियों की स्वायत्तता को लेकर स्पष्ट संदेश जाना जरूरी है।
उनके मुताबिक, जयराम महतो पर केस के मुद्दे को केवल एक विधायक और पुलिस के बीच विवाद के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। यह मामला आगे चलकर जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच संबंधों को प्रभावित कर सकता है।
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