News Saga Desk
रांची। शाम के 4 बजते ही राजधानी रांची के डोरंडा इलाके में सायरन बजेगा। इसके साथ ही घरों की बत्तियां गुल हो जाएंगी। सड़कों पर सन्नाटा होगा। ऐसी स्थिति में घबराने की जरूरत नहीं है। केंद्र और राज्य सरकार से मिले निर्देश के बाद नागरिक सुरक्षा को लेकर होने वाले मॉक ड्रिल के तहत ये चीजें होंगी।
मॉक ड्रिल शाम 4 बजे शुरू होगा और 7 बजे खत्म हो जाएगा। शाम 4 बजे पहली बार तीन मिनट तक लगातार सायरन बजने के बाद मॉक ड्रिल शुरू होगा। वहीं शाम 7 बजे 30-30 सेकेंड के लिए तीन बार सायरन बजने के साथ मॉक ड्रिल खत्म होगा।
ट्रैफिक रूट में हुआ बदलाव
मॉक ड्रिल को देखते हुए ट्रैफिक रूट में बदलाव किया गया है। रांची ट्रैफिक पुलिस की ओर से रूट चार्ट जारी किया गया है। यहां देखें रूट चार्ट …
- वाहन प्रतिबंध: एजी मोड़ से बिग बाजार और कुसई चौक से बिग बाजार के बीच सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश पूरी तरह से वर्जित रहेगा।
- एयरपोर्ट हेतु विशेष निर्देश: यात्रियों से अनुरोध है कि वे दोपहर 3 बजे से पहले एयरपोर्ट पहुंच जाएं, क्योंकि 3 बजे के बाद अधिकतर मार्गों पर वाहनों का प्रवेश बंद रहेगा।
- एचइसी से मेन रोड मार्ग: एचइसी गेट से मेन रोड जाने वाले लोग एचइसी, अरगोड़ा और हरमू बाईपास रोड होते हुए जा सकते हैं।
- बिरसा चौक से कांटाटोली: बिरसा चौक से कांटाटोली जाने वाले लोग डोरंडा मोड़ से दाहिने मुड़कर सदाबहार चौक के रास्ते जा सकते हैं।
- कांटाटोली/मेन रोड से बिरसा चौक: कांटाटोली या मेन रोड से बिरसा चौक जाने वाले लोग बिग बाजार से दाहिना मुड़कर होटल रेडिसन ब्लू, कडरू और अरगोड़ा चौक होते हुए पहुंच सकते हैं।
जिला प्रशासन की अपील- घबराएं नहीं यह अभ्यास है
डीसी मंजूनाथ भजंत्री ने यह जानकारी देते हुए कहा कि मॉक ड्रिल के दौरान इलाके में रहने वाले लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। यह एक अभ्यास है और नागरिकों, संस्थानों के अलावा बुनियादी ढांचे को संभावित आपात स्थितियों के लिए तैयार करने हेतु महत्वपूर्ण है। सायरन बजते ही लोग अपने-अपने घरों और दुकानों समेत सभी जगहों की बत्ती बंद कर दें। मुख्य उद्देश्य यह है कि जहां कहीं भी हवाई जहाज से अगर कोई देखता है तो उसे रोशनी ना दिखे।
वीडियो जारी कर बताएंगे, सुरक्षित रहने के उपाय
डीसी ने कहा कि सोशल मीडिया में ऑडियो और वीडियो जारी कर बताया जाएगा कि जब कभी कोई घटना हो, तो कैसे लोग खुद को सुरक्षित रखें। सभी स्कूली बच्चों के पास भी यह ऑडियो व वीडियो को पहुंचाने का प्रयास होगा, ताकि उन्हें जागरूक किया जा सके।

मॉक ड्रिल के दौरान आपातकाल में सुरक्षित रहने के तरीके बताए जाएंगे।
मॉक ड्रिल शुरू होते ही ट्रैफिक रूट होगा डायवर्ट
मॉक ड्रिल शुरू होने से पहले ही डोरंडा इलाके में ट्रैफिक रूट डायवर्ट कर दिया जाएगा। ट्रैफिक एसपी के निर्देश पर वैकल्पिक मार्ग तैयार किया जा रहा है, जहां से वाहन सवार परिचालन कर सकेंगे। तीन घंटे तक डोरंडा में वाहन सवार अपनी गाड़ियों की लाइट भी बंद रखेंगे। सायरन बजते ही जहां हैं, सड़क किनारे गाड़ी खड़ी कर लाइट बंद कर दें।
एनडीआरएफ, फायर ब्रिगेड के अलावा पुलिस की टीम भी रहेगी
तीन घंटे के लिए इलाके में पूरी तरह से सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन भी चलाया जाएगा। इस दौरान एनडीआरएफ और फायर ब्रिगेड के अलावा पुलिस की टीम भी मौजूद रहेगी। डीसी ने यह भी कहा कि यह मॉक ड्रिल पूरे जिले के लिए है। राजधानी के सभी लोग इस मॉक ड्रिल को सफल बनाएं। डोरंडा इलाके में मॉक ड्रिल को शत-प्रतिशत सफल बनाया जाएगा।

एनडीआरएफ, फायर ब्रिगेड के अलावा पुलिस की टीम भी रहेगी
मॉक ड्रिल के तीन प्रमुख उद्देश्य
- नागरिक रक्षा तंत्र की तैयारियों का परीक्षण और जरूरत के अनुसार सुधार करना।
- नागरिकों को आपातकालीन प्रोटोकॉल और आत्म-सुरक्षा में प्रशिक्षित करना।
- संकट के समय अधिकारियों और आम जनता के बीच समन्वय सुनिश्चित करना।
आपात स्थिति में डायल 112 के लिए एसओपी जारी
पुलिस मुख्यालय ने आपात स्थिति में डायल 112 के उपयोग व इसके तहत बेहतर व त्वरित सहायता प्रदान करने के लिए एसओपी जारी की है। आपातकालीन सेवा के लिए एक ही डायल 112 में सभी नंबर जैसे 100, 101, 108, 1098 समाहित हैं। ताकि नागरिकों को गंभीर संकट की गोल्डन आवर के दौरान त्वरित सहायता मिल सके। इसके लिए सभी जिलों के एसपी, अग्निशमन पदाधिकारी को एसओपी से संबंधित गाइडलाइन जारी की गई है कि कॉल आने पर कैसे त्वरित रिस्पांस करेंगे।
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