श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ 430 रन का लक्ष्य हासिल कर वनडे इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज किया। हैरी ब्रूक ने 202 रन बनाए, लेकिन टीम हार गई।
वनडे क्रिकेट में अब बड़े से बड़ा लक्ष्य भी सुरक्षित नहीं बचा है। आधुनिक क्रिकेट में ताबड़तोड़ बल्लेबाजी और बदलती रणनीतियों ने असंभव लगने वाले रनों के पहाड़ों को भी बौना साबित कर दिया है। ताजा मामला पाकिस्तान के रावलपिंडी में देखने को मिला, जहाँ श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ एक असंभव सी दिखने वाली जीत दर्ज करते हुए क्रिकेट जगत में सनसनी फैला दी। श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ 430 रन का विशाल लक्ष्य सफलतापूर्वक हासिल कर लिया और वनडे इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज अपने नाम दर्ज करा लिया।

भारत का रिकॉर्ड महज 22 दिनों में टूटा
दिलचस्प बात यह है कि इस ऐतिहासिक कारनामे से महज 22 दिन पहले ही भारतीय टीम ने ऐसा ही करिश्मा किया था। भारत ने 30 सितंबर 2026 को गुवाहाटी में वेस्टइंडीज के खिलाफ खेले गए रोमांचक मुकाबले में 406 रन का लक्ष्य सफलतापूर्वक हासिल कर दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज अपने नाम किया था। उस मैच में शुभमन गिल ने नाबाद 223 रनों की ऐतिहासिक पारी खेली थी। हालांकि, श्रीलंका ने महज 22 दिनों के भीतर भारत के इस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए सूची में दूसरा स्थान अपने नाम कर लिया, जिससे भारतीय टीम अब इस लिस्ट में तीसरे स्थान पर खिसक गई है।
हैरी ब्रूक का दोहरा शतक भी न बचा सका इंग्लैंड की लाज
रावलपिंडी में खेले गए इस मुकाबले में इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 50 ओवरों में 429 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया था। इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने तूफानी अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए इतिहास रच दिया। उन्होंने मात्र 114 गेंदों में 21 चौकों और 10 छक्कों की मदद से नाबाद 202 रनों की ऐतिहासिक पारी खेली। वह वनडे क्रिकेट में दोहरा शतक लगाने वाले इंग्लैंड के पहले बल्लेबाज बन गए हैं।
ब्रूक के अलावा विल जैक्स ने महज 30 गेंदों में नाबाद 66 रन और जो रूट ने 69 रनों का बेहतरीन योगदान दिया। इंग्लैंड के 429 रन के स्कोर को देखकर ऐसा लग रहा था कि मैच पूरी तरह से उनके पाले में है, लेकिन श्रीलंकाई बल्लेबाजों के इरादे कुछ और ही थे।
430 रनों के पहाड़ जैसे लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम ने शुरुआत में कुछ विकेट जल्दी गंवा दिए, लेकिन इसके बाद पवन रत्नायके ने 130 रनों की शानदार और संयम भरी शतकीय पारी खेलकर टीम को संभाला। उनका साथ देते हुए अविष्का फर्नांडो ने भी 97 रनों की बेहतरीन पारी खेली।
इसके बाद मैदान पर उतरे दसुन शनाका ने खेल का पूरा रुख ही पलट दिया। शनाका ने महज़ 50 गेंदों में ताबड़तोड़ 97 रन ठोककर मैच को रोमांच की पराकाष्ठा पर पहुँचा दिया। मुकाबला आखिरी ओवर तक चला, जहाँ श्रीलंका को जीत के लिए 8 रनों की दरकार थी। इंग्लैंड ने आखिरी ओवर में लगातार दो विकेट लेकर वापसी की कोशिश की, लेकिन क्रीज पर मौजूद जनिथ लियानागे ने पांचवीं गेंद पर शानदार छक्का लगाकर श्रीलंका को एक ऐतिहासिक और यादगार जीत दिला दी।
वनडे क्रिकेट में पांच सबसे बड़े सफल रन चेज की सूची
| रन चेज | टीमें | साल |
| 438 रन | दक्षिण अफ्रीका बनाम ऑस्ट्रेलिया | 2006 |
| 430 रन | श्रीलंका बनाम इंग्लैंड | 2026 |
| 406 रन | भारत बनाम वेस्टइंडीज | 2026 |
| 375 रन | नीदरलैंड बनाम वेस्टइंडीज | 2023 |
| 372 रन | दक्षिण अफ्रीका बनाम ऑस्ट्रेलिया | 2016 |
यह मुकाबला लंबे समय तक क्रिकेट प्रेमियों के जेहन में ताजा रहेगा, जहाँ एक तरफ रिकॉर्डतोड़ दोहरा शतक बना, तो दूसरी तरफ क्रिकेट इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा सफल रन चेज देखने को मिला।
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