लालू-राबड़ी की 10 सर्कुलर रोड से विदाई तय, एक दौर के सियासी केंद्र का अंत

News Saga Desk

पटना : बिहार की राजनीति का सबसे चर्चित पता रहा 10 सर्कुलर रोड अब इतिहास बनने की ओर है। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने इस सरकारी आवास से सामान समेटना शुरू कर दिया है। भवन खाली करने का नोटिस मिलने के करीब एक महीने बाद अब शिफ्टिंग की प्रक्रिया तेज हो गई है।

राजद सूत्रों के अनुसार, लालू-राबड़ी परिवार के 39 हार्डिंग रोड में शिफ्ट होने की संभावना है। मकर संक्रांति के बाद इस पर औपचारिक फैसला लिया जा सकता है। पार्टी का कहना है कि यह पूरी तरह प्रशासनिक प्रक्रिया है और इसे राजनीतिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए।

गुरुवार देर रात 10 सर्कुलर रोड स्थित बंगले से पेड़-पौधों, गमलों और घरेलू सामान को पिकअप वैन के जरिए बाहर ले जाते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए, जिसके बाद राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गईं। हालांकि, लालू परिवार की ओर से इस पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। राजद नेताओं का कहना है कि यह सामान्य शिफ्टिंग प्रक्रिया है।

जानकारी के मुताबिक, बिहार सरकार के भवन निर्माण विभाग ने 25 नवंबर 2025 को पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को बंगला खाली करने का नोटिस जारी किया था। विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष होने के नाते राबड़ी देवी को केंद्रीय पूल से नया सरकारी आवास आवंटित किया गया है। इसके बाद अब 10 सर्कुलर रोड खाली करने की कार्रवाई अंतिम चरण में पहुंचती दिख रही है।

बंगले से हटाए जा रहे फूलों के गमले और गार्डन से जुड़ा सामान दानापुर के नया टोला स्थित कृष्ण गौशाला में भेजा जा रहा है। छोटे वाहनों के जरिए यह सामान वहां पहुंचाया गया, जिससे साफ संकेत मिला कि शिफ्टिंग की तैयारी गंभीर रूप से चल रही है।

इस मुद्दे पर सियासी बयानबाजी भी तेज हो गई है। जदयू के मुख्य प्रवक्ता और एमएलसी नीरज कुमार ने सोशल मीडिया पर कहा कि पुराने सरकारी आवास को खाली न करना सरकारी संसाधनों का दुरुपयोग है और यह कानून के पालन का मामला है, न कि राजनीति का।

वहीं राजद के प्रदेश मुख्य प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने जदयू-भाजपा पर पलटवार करते हुए कहा कि 10 सर्कुलर रोड खाली करना कोई राजनीतिक विषय नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि सत्ता पक्ष उन नेताओं पर क्यों चुप है, जो अब भी सरकारी आवासों पर काबिज हैं। उनके अनुसार सरकार अपनी नाकामियों से ध्यान भटकाने के लिए इस मुद्दे को तूल दे रही है।

अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि 10 सर्कुलर रोड की विदाई और 39 हार्डिंग रोड में संभावित एंट्री बिहार की राजनीति में क्या नया संकेत देती है।

Read More News

Read More