भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने हेमंत सरकार पर साधा निशाना, सीबीआई जांच की मांग

NEWS SAGA DESK

झारखंड पेपर लीक मामले पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने हेमंत सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। JPSC-JSSC भर्ती घोटाले की सीबीआई जांच और छात्रों को न्याय की मांग की।

रांची। झारखंड में कथित पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं को लेकर राजनीतिक माहौल लगातार गर्माता जा रहा है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि युवाओं के आक्रोश की अनदेखी हेमंत सरकार के लिए भारी पड़ सकती है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों और अभ्यर्थियों की समस्याओं के प्रति संवेदनहीन बनी हुई है, जबकि हजारों युवा अपने भविष्य को लेकर सड़क पर आंदोलन करने को मजबूर हैं।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू

शनिवार को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में आदित्य साहू ने कहा कि झारखंड के युवा न्याय की मांग कर रहे हैं, लेकिन सत्ता पक्ष के नेता पूरी तरह मौन हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलन कर रहे छात्रों को बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। उनके अनुसार, प्रदर्शन स्थल पर धूप और बारिश से बचने के लिए तिरपाल लगाने की अनुमति तक नहीं दी गई, जिसे उन्होंने सरकार का तानाशाही रवैया बताया।

सत्ता पक्ष की चुप्पी पर उठाए सवाल

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और सत्ता पक्ष के अन्य नेताओं की चुप्पी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि विपक्ष में रहते हुए छात्र हितों की बात करने वाले नेता आज झारखंड के युवाओं की समस्याओं पर कुछ भी बोलने से बच रहे हैं।

साहू ने आरोप लगाया कि जब सत्ता अपने सहयोगियों की होती है तो छात्रों की आवाज दबा दी जाती है। उन्होंने कहा कि झारखंड का युवा इस कथित दोहरे रवैये का जवाब मांग रहा है और राज्य सरकार को छात्रों के आंदोलन को गंभीरता से लेना चाहिए।

भर्ती परीक्षाओं में बार-बार विवाद क्यों?

आदित्य साहू ने राज्य सरकार से सवाल किया कि आखिर झारखंड की भर्ती परीक्षाएं बार-बार विवादों में क्यों घिर रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि प्रशासनिक व्यवस्था पारदर्शी होती तो लाखों अभ्यर्थियों के भविष्य पर बार-बार संकट नहीं आता।

उन्होंने दावा किया कि भर्ती प्रक्रिया में कथित सॉल्वर सिंडिकेट और अनियमितताओं के आरोप पूरे सिस्टम पर सवाल खड़े करते हैं। उनके अनुसार, इससे राज्य के युवाओं का सरकारी भर्ती प्रक्रिया पर भरोसा कमजोर हुआ है।

छात्रों के आंदोलन को बताया न्याय की लड़ाई

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जेपीएससी और जेएसएससी अभ्यर्थियों का आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण है और वे अपने अधिकार तथा निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया की मांग कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार आंदोलन को दबाने की कोशिश कर रही है, लेकिन इससे छात्रों का संघर्ष और मजबूत होगा।

उन्होंने कहा कि आंदोलनरत छात्रों को पीने के पानी, शौचालय और अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं कराई गई हैं। भाजपा का आरोप है कि कई छात्र कठिन परिस्थितियों में आंदोलन जारी रखने को मजबूर हैं।

इसे भी देखें:-Ranchi Traffic News: Record challans in July, 984 driving licenses recommended for cancellation

आदित्य साहू ने कहा कि झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच के लिए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से जांच कराई जानी चाहिए। उनका कहना है कि इससे पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई संभव होगी।

उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाएं लगातार विवादों में रही हैं। भाजपा का कहना है कि युवाओं का विश्वास बहाल करने के लिए पारदर्शी जांच और जवाबदेही आवश्यक है।

Read More News

पूर्वी सिंहभूम में उत्पाद विभाग की बड़ी कार्रवाई, 290 लीटर अवैध चुलाई शराब जब्त; एक गिरफ्तार

जुगसलाई और बागबेड़ा थाना क्षेत्रों में चले विशेष छापेमारी अभियान के दौरान उत्पाद विभाग ने कई अवैध...

जमशेदपुर में एमजीएम मेडिकल कॉलेज से डिमना लेक तक बने एलिवेटेड रोड, सरयू राय ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र

सरयू राय ने एमजीएम मेडिकल कॉलेज से डिमना लेक तक एलिवेटेड रोड बनाने की मांग की। मुख्यमंत्री को पत्र...

Read More