पश्चिम बंगाल सरकार ने अन्नपूर्णा योजना और विधवा पेंशन को लेकर नई गाइडलाइंस जारी की हैं। दोनों योजनाओं का लाभ ले रहे लाभार्थियों को 29 सितंबर तक एक योजना चुननी होगी।
पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य में सामाजिक कल्याण योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर एक बड़ा और महत्वपूर्ण प्रशासनिक निर्णय लिया है। महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण विभाग की ओर से जारी नई गाइडलाइंस के अनुसार, अब राज्य का कोई भी नागरिक ‘अन्नपूर्णा योजना’ और ‘विधवा पेंशन योजना’ (विधवा भत्ता) दोनों का एक साथ लाभ नहीं उठा सकेगा। वर्तमान में जो लाभार्थी इन दोनों योजनाओं के तहत दोहरा लाभ ले रहे हैं, उन्हें 29 सितंबर तक इनमें से किसी एक योजना का चयन करना अनिवार्य कर दिया गया है।

विभाग ने जारी किए सख्त निर्देश महिला एवं बाल विकास एवं समाज कल्याण विभाग की सचिव की ओर से इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी कर दिए गए हैं। यह निर्देश कोलकाता नगर निगम (KMC) के कमिश्नर और राज्य के सभी जिलों के जिलाधिकारियों (DM) को भेज दिया गया है।
आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक:
- अन्नपूर्णा योजना: के तहत लाभार्थियों को प्रति माह 3,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है।
- विधवा पेंशन योजना: के तहत लाभार्थियों को प्रति माह 1,500 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाती है।
चूंकि अन्नपूर्णा योजना की राशि अधिक है, इसलिए कई लाभार्थी दोनों योजनाओं की सहायता राशि एक साथ प्राप्त कर रहे थे, जिस पर अब प्रशासन ने रोक लगाने का फैसला किया है।
‘समर्थ’ पोर्टल पर अपलोड करना होगा विकल्प फॉर्म सरकार के नए नियमों के तहत दोनों योजनाओं के दायरे में आने वाले लाभार्थियों को एक निर्धारित फॉर्म भरकर लिखित रूप से यह घोषणा करनी होगी कि वे भविष्य में किस योजना का लाभ जारी रखना चाहते हैं और किस योजना की सहायता राशि को छोड़ना चाहते हैं।
ऐसे दोहरे लाभार्थियों की पूरी सूची राज्य सरकार के ‘समर्थ’ (Samarth) पोर्टल पर उपलब्ध करा दी गई है। कोलकाता नगर निगम के कमिश्नर और सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में ऐसे लाभार्थियों से संपर्क कर उनका विकल्प फॉर्म भरवाएं और उसे 29 सितंबर तक हर हाल में ‘समर्थ’ पोर्टल पर अपडेट करें। समय सीमा के भीतर विकल्प दर्ज न कराने की स्थिति में संबंधित लाभार्थी की पेंशन/भत्ता रोके जाने की आशंका है।
किन योजनाओं के साथ मिल सकता है अन्नपूर्णा योजना का लाभ? राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि अन्नपूर्णा योजना का लाभ विधवा भत्ता के साथ तो नहीं लिया जा सकता, लेकिन कुछ अन्य कल्याणकारी योजनाओं के साथ इसका संयोजन मान्य है। लाभार्थी दिव्यांग पेंशन (Disability Pension) और ‘कृषक बंधु’ (Krishak Bandhu) जैसी निर्धारित योजनाओं के साथ-साथ अन्नपूर्णा योजना का लाभ नियमानुसार प्राप्त कर सकते हैं।
इस विषय पर नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी द्वारा पूर्व में उठाए गए सवालों के बाद अब राज्य सरकार ने औपचारिक स्पष्टीकरण जारी कर स्थिति पूरी तरह साफ कर दी है। प्रशासन ने सभी पात्र लाभार्थियों से अपील की है कि वे 29 सितंबर की समय सीमा समाप्त होने से पहले अपने नजदीकी ब्लॉक कार्यालय या नगर निगम वार्ड कार्यालय में जाकर अपना विकल्प फॉर्म जमा कराएं।
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