भारत में कई अद्भुत प्रतिभाएं है और अद्भुत प्रतिभा दिखाने वाले अद्भुत प्रतिभागी है। इसमें झारखंड भी पीछे नहीं है। इस बात का प्रमाण एक 7 साल के नन्हे से बच्चे ने पूरी दुनिया को दिया है। झारखंड की राजधानी रांची के 7 वर्षीय नन्हे तैराक इशांक ने ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसने पूरे देश को गौरवान्वित कर दिया है। इशांक ने श्रीलंका के तलाईमन्नार से भारत के धनुषकोड़ी तक स्थित खतरनाक समुद्री मार्ग ‘पाक स्ट्रेट’ (Palk Strait) को तैरकर पार करते हुए नया विश्व रिकॉर्ड बना दिया है।
इशांक अब श्रीलंका और भारत के बीच स्थित पाक जलडमरूमध्य को पार करने वाले दुनिया के सबसे कम उम्र के तैराक बन गए हैं। उन्होंने लगभग 29 किलोमीटर लंबी इस चुनौतीपूर्ण समुद्री दूरी को महज 9 घंटे 50 मिनट में पूरा किया।
30 अप्रैल को पूरा किया गया यह साहसिक अभियान न केवल इशांक की प्रतिभा और हौसले का प्रमाण है, बल्कि यह झारखंड और पूरे भारत के लिए गर्व का क्षण भी बन गया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए इशांक को यूनिवर्सल रिकॉर्ड्स फोरम (URF World Records) की ओर से ‘The Youngest and Fastest Palk Strait Swimmer’ का विश्व रिकॉर्ड प्रमाणपत्र प्रदान किया गया है। इससे पहले यह रिकॉर्ड तमिलनाडु के जय जशवंत के नाम दर्ज था, जिसे अब इशांक ने तोड़ दिया है।
रांची के धुर्वा निवासी इशांक ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए कड़ी मेहनत और अनुशासन का परिचय दिया। उन्होंने अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए धुर्वा डैम में रोजाना 4 से 5 घंटे तक अभ्यास किया। इशांक को प्रशिक्षक अमन कुमार जायसवाल और बजरंग कुमार ने विशेष प्रशिक्षण दिया। समुद्र की तेज लहरों, गहराई और कठिन परिस्थितियों के बीच तैराकी करना बेहद चुनौतीपूर्ण माना जाता है, लेकिन इतनी कम उम्र में इशांक ने अपने साहस से सभी को हैरान कर दिया। इशांक रांची के JVM श्यामली स्कूल में कक्षा तीसरी के छात्र हैं। उनकी इस उपलब्धि पर स्कूल के प्रिंसिपल और शिक्षक भी बहुत खुस है और कहा कि ये स्कूल और देश दोनों के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि इतनी छोटी उम्र में समुद्र जैसी कठिन चुनौती को पार करना असाधारण साहस, अनुशासन और समर्पण का उदाहरण है। इशांक ने साबित कर दिया है कि दृढ़ इच्छाशक्ति और मेहनत से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren ने भी इशांक की उपलब्धि पर खुशी जताते हुए उन्हें और उनके परिवार को बधाई दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि महज 7 वर्ष की उम्र में इशांक ने श्रीलंका और भारत के बीच 29 किलोमीटर लंबे पाक स्ट्रेट को पार कर इतिहास रच दिया है। यह उपलब्धि अनुशासन, मेहनत और लक्ष्य के प्रति अटूट समर्पण का अद्भुत उदाहरण है। उन्होंने कहा कि इशांक ने न सिर्फ झारखंड, बल्कि पूरे देश का मान बढ़ाया है। मुख्यमंत्री ने इशांक, उनके परिवार और प्रशिक्षकों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं भी दीं।
No Comment! Be the first one.