कोडरमा में खाद्य सुरक्षा विभाग ने 25 दुकानों की जांच की। मिलावटी मिठाई और हल्दी नष्ट कराई गई, जबकि बिना लाइसेंस कारोबार करने वालों को नोटिस दिया गया।
कोडरमा में खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटखोरी और नियमों की अनदेखी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। कोडरमा में मिलावटी मिठाई पर कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग और टोबैको कंट्रोल सेल की संयुक्त टीम ने शहर के रांची-पटना रोड और खुदरा पट्टी इलाके में करीब 25 खाद्य प्रतिष्ठानों और फूड स्टॉल्स का निरीक्षण किया। जांच के दौरान कई दुकानों में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और लाइसेंस से जुड़े नियमों में गड़बड़ी मिली।

अजंता स्वीट्स में अखाद्य रंग से तैयार जलेबी, बालूशाही और मिल्क केक पाए गए। जांच के बाद करीब 13 किलो संदिग्ध मिठाई को मौके पर ही नष्ट कराया गया। इसके अलावा गुप्ता मिष्ठान में अखाद्य रंग से तैयार लड्डू भी नष्ट कराया गया। खाद्य सुरक्षा टीम ने कारोबारियों को साफ निर्देश दिया कि ग्राहकों की सेहत से किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
25 खाद्य प्रतिष्ठानों की हुई जांच
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी अभिषेक कुमार और टोबैको कंट्रोल सेल की संयुक्त टीम ने शुक्रवार को अभियान चलाया। टीम ने रांची-पटना रोड और खुदरा पट्टी में स्थित दुकानों और फूड स्टॉल्स की जांच की।

निरीक्षण के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के साथ-साथ दुकानों में रखे पैकेज्ड और डिब्बाबंद सामान के लेबल की भी जांच की गई। अधिकारियों ने दुकानदारों को निर्देश दिया कि किसी भी पैकेज्ड खाद्य सामग्री की बिक्री से पहले उस पर फूड लाइसेंस नंबर, निर्माण तिथि, यूज बाय या एक्सपायरी तिथि और निर्माता का पूरा पता स्पष्ट रूप से दर्ज होना चाहिए।
अधिकारियों ने यह भी कहा कि नियमों का पालन नहीं करने वाले कारोबारियों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
अजंता स्वीट्स में 13 किलो मिलावटी मिठाई नष्ट
जांच के दौरान अजंता स्वीट्स में खाद्य सुरक्षा टीम को गंभीर अनियमितता मिली। दुकान में अखाद्य रंग से तैयार करीब 2 किलो जलेबी और 5 किलो बालूशाही मिली। इसके अलावा 6 किलो मिलावटी मिल्क केक भी पाया गया।
खाद्य सुरक्षा टीम ने इन सभी मिठाइयों को नष्ट करा दिया। अधिकारियों के अनुसार खाद्य पदार्थों में अखाद्य रंग का इस्तेमाल स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक हो सकता है। इसी वजह से संदिग्ध खाद्य सामग्री को बाजार में बिक्री के लिए छोड़ने के बजाय मौके पर ही नष्ट कराया गया।

कोडरमा में मिलावटी मिठाई पर कार्रवाई के दौरान गुप्ता मिष्ठान में भी अखाद्य रंग से तैयार लड्डू पाए गए, जिन्हें टीम ने नष्ट कराया। बजरंगी मिष्ठान में भी खाद्य सुरक्षा से जुड़े नियमों का उल्लंघन सामने आया।
किराना दुकानों में भी मिली गड़बड़ी
खुदरा पट्टी इलाके की किराना दुकानों में भी खाद्य सुरक्षा विभाग ने जांच की। अधिकारियों के मुताबिक किसी भी खाद्य प्रतिष्ठान के पास फूड लाइसेंस नहीं मिला। इसके बाद सभी संबंधित दुकानदारों को सात दिनों के अंदर फूड लाइसेंस के लिए आवेदन करने का निर्देश दिया गया।
जांच के दौरान दुकानों में रखी हल्दी, नमकीन, डिब्बाबंद लड्डू और बर्फी समेत कई खाद्य सामग्रियों की जांच की गई। बर्णवाल किराना दुकान में करीब 5 किलो मिलावटी हल्दी की पुष्टि हुई। इसके बाद उसे मौके पर नष्ट कराया गया और दुकानदार को नोटिस भी जारी किया गया।
अधिकारियों ने बिना लाइसेंस खाद्य कारोबार करने वालों को जल्द से जल्द आवेदन प्रक्रिया पूरी करने को कहा है।
सात दिन में फूड लाइसेंस के लिए आवेदन का निर्देश
खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी संबंधित कारोबारियों को फूड लाइसेंस बनवाने का निर्देश दिया। इसके लिए दुकानदार नजदीकी प्रज्ञा केंद्र अथवा सदर अस्पताल, कोडरमा स्थित खाद्य सुरक्षा कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि खाद्य कारोबार के लिए जरूरी लाइसेंस के बिना व्यवसाय करना नियमों का उल्लंघन है। इसलिए दुकानदारों को निर्धारित समय सीमा के भीतर आवेदन करने को कहा गया है।

साथ ही कारोबारियों को अपने प्रतिष्ठानों में रखी एक्सपायरी, बासी अथवा सड़ी-गली खाद्य सामग्री को तत्काल हटाकर नष्ट करने का निर्देश दिया गया।
खुले सिगरेट और गुटखा पर भी जुर्माना
खाद्य पदार्थों की जांच के साथ टोबैको कंट्रोल सेल ने भी कार्रवाई की। चार दुकानों पर खुले में सिगरेट और गुटखा बेचते हुए पाए जाने पर कुल 1000 रुपये का जुर्माना वसूला गया।
टीम ने दुकानदारों को तंबाकू उत्पादों की बिक्री से जुड़े नियमों का पालन करने की हिदायत दी। अधिकारियों ने कहा कि निरीक्षण अभियान आगे भी जारी रहेगा और नियमों की अनदेखी करने वाले प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई की जाएगी।
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खाद्य कारोबारियों को गुणवत्ता सुधारने की चेतावनी खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य केवल मिलावटी खाद्य सामग्री को नष्ट करना ही नहीं, बल्कि कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा मानकों के प्रति जागरूक करना भी है। अधिकारियों ने दुकानदारों से साफ-सफाई बनाए रखने, गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री रखने और एक्सपायरी उत्पादों को बिक्री से दूर रखने की अपील की।
कोडरमा में मिलावटी मिठाई पर कार्रवाई के बाद खाद्य कारोबारियों में भी सतर्कता बढ़ने की उम्मीद है। खासकर मिठाई और किराना दुकानों में मिलावट की शिकायतों को देखते हुए ऐसे निरीक्षण उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण हैं।
निरीक्षण अभियान में खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी अभिषेक आनंद, उमेश कुमार, जिला परामर्शी दीपेश कुमार और तिलैया पुलिस के कर्मी मौजूद रहे। विभाग ने संकेत दिया है कि खाद्य सुरक्षा नियमों के पालन को लेकर आगे भी जांच और कार्रवाई जारी रखी जाएगी।
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